सावन के मेघ

सावन के मेघ

आषाढ में लगी थी

सावन की आस

सावन के आगमन के बाद

प्रत्येक बादल में बारिश का मात्र भास

गर्मी ने बढ़ा दी ठंडक की प्यास

जानकी की धरती पर

कब बरसोगे ओ सावन के मेघ

आसमान को निहारती किसान की आंखे

बगुले भी खुजलाने लगे भूखे पेट पांखे

धान का पानी सूखने लगा है

धरती माँ का मुंह फटने लगा है

अब तो बताओ

जानकी की धरती पर

कब बरसोगे ओ सावन के मेघ

इंद्रदेव की किसानों से कैसी ये बेईमानी

सरकार भी कर रही है अपनी ही मनमानी

धरती माँ की कोख सूखी रहने से

क्या केवल किसान भूखा रहेगा!

इस अनर्थ को रोकने के लिए

अब तो जानकी की धरती पर

बरसो रे सावन के मेघ

(कविता का संदर्भ – सीतामढ़ी, बिहार)

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रचनाकार

Author

  • डॉ. आरले श्रीकांत लक्ष्मणराव

    जन्म : शुक्रवार, 10 जुलाई, 1987 (ग्राम : कार्ला (खुर्द), तहसील : बिलोली, जिला : नांदेड, राज्य : महाराष्ट्र)शिक्षा : स्वामी रामानंद तीर्थ मराठवाडा विश्वविद्यालय, नांदेड (महाराष्ट्र) से हिन्दी, इतिहास एवं अर्थशास्त्र में बी.ए. ; हैदराबाद केन्द्रीय विश्वविद्यालय, हैदराबाद (तेलंगाना) से हिन्दी में एम.ए., एम.फिल.; अंग्रेजी एवं विदेशी भाषा विश्वविद्यालय, हैदराबाद (तेलंगाना) से ‘हिंदी और मराठी काव्यशास्त्र में रस सिद्धांत’ शोध विषय पर पीएच.डी.; हैदराबाद केन्द्रीय विश्वविद्यालय, दूरस्थ शिक्षा एवं आभासी अधिगम केन्द्र, हैदराबाद (तेलंगाना) से हिन्दी अनुवाद अध्ययन में स्नातकोत्तर प्रमाणपत्र; यूजीसी-नेट (जून-2012); सावित्रीबाई फुले पुणे विश्वविद्यालय – सेट (दिसंबर-2013) ।कार्यानुभव : आईकोनमा प्राईवेट लिमिटेड, हैदराबाद (तेलंगाना) में 26 अगस्त, 2015 से 31 अक्तूबर, 2016 तक विषय-वस्तु सह हिन्दी अनुवादक । बेंगलोर विश्वविद्यालय, ज्ञान भारती कैंपस, बेंगलोर (कर्नाटक) में 05 मार्च, 2018 से 09 फरवरी, 2019 तक अतिथि प्राध्यापक । संत जोसफ़स् महाविद्यालय (स्वायत्त), बेंगलोर (कर्नाटक) में 05 दिसंबर, 2018 से 09 फरवरी, 2019 तक अतिथि प्राध्यापक । तमिलनाडु केन्द्रीय विश्वविद्यालय, तिरुवारूर (तमिलनाडु) में 11 फरवरी, 2019 से 14 मई, 2019 तक सहायक प्रोफेसर (संविदा) । तमिलनाडु केन्द्रीय विश्वविद्यालय, तिरुवारूर (तमिलनाडु) में 28 जून, 2019 से 26 सितम्बर, 2019 तक अतिथि प्राध्यापक । संप्रति 28 सितम्बर, 2019 से श्री राधा कृष्ण गोयनका महाविद्यालय, सीतामढ़ी (अंगीभूत इकाई बी.आर.ए. बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर, बिहार) में सहायक प्राध्यापक एवं स्नातकोत्तर हिंदी विभागाध्यक्ष पद पर कार्यरत । श्री राधा कृष्ण गोयनका महाविद्यालय, सीतामढ़ी (अंगीभूत इकाई बी.आर.ए. बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर, बिहार) में 30 नवम्बर, 2019 से 26 जुलाई, 2022 तक परीक्षा नियंत्रक के रूप में कार्य किया । 05 जनवरी, 2020 से इग्नू, क्षेत्रीय केंद्र दरभंगा, अध्ययन केंद्र श्री राधा कृष्ण गोयनका महाविद्यालय, सीतामढ़ी (अंगीभूत इकाई बी.आर.ए. बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर, बिहार) में हिंदी काउंसिलर । विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं और पुस्तकों में आलेख एवं रचनाएँ प्रकाशित ।प्रकाशित ग्रंथ : रस विमर्श : आचार्य रामचंद्र शुक्ल एवं डॉ. केशव नारायण वाटवे (2016), ईशा ज्ञानदीप प्रकाशन, नई दिल्ली।Copyright@डॉ. आरले श्रीकांत लक्ष्मणराव/ इनकी रचनाओं की ज्ञानविविधा पर संकलन की अनुमति है | इनकी रचनाओं के अन्यत्र उपयोग से पूर्व इनकी अनुमति आवश्यक है |

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